नरसिंहपुर। 27 जून 2026 मध्यप्रदेश शासन द्वारा अस्पतालों में मरीजों की पहचान और सुरक्षा को बेहतर बनाने के उद्देश्य से ब्लड सैंपल लैब और ब्लड बैंक में OTP आधारित व्यवस्था लागू की गई है। इस व्यवस्था के तहत संबंधित मरीज या उसके परिजन के मोबाइल नंबर पर भेजे गए OTP के माध्यम से प्रक्रिया पूरी की जाती है।
इस व्यवस्था के पीछे दो प्रमुख उद्देश्य बताए जा रहे हैं। पहला, यदि कोई मरीज अज्ञात अवस्था में अस्पताल पहुंचता है तो उसकी पहचान और रिकॉर्ड सुरक्षित रखने में यह प्रणाली सहायक हो सकती है। दूसरा, इससे मरीजों के रिकॉर्ड में पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ेगी तथा गलत पहचान या गड़बड़ी की संभावना कम होगी।
हालांकि, इस व्यवस्था को लेकर एक व्यावहारिक चुनौती भी सामने आई है। कई गरीब और ग्रामीण मरीजों के पास मोबाइल फोन नहीं होता या वे OTP प्राप्त करने में सक्षम नहीं होते। ऐसे मरीजों को असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।
इसी समस्या को देखते हुए सुझाव दिया जा रहा है कि जिन मरीजों के पास मोबाइल उपलब्ध नहीं है, उनके लिए अस्पताल में अलग से एडमिन ब्लॉक या हेल्प डेस्क की व्यवस्था की जाए। वहां कर्मचारियों की सहायता से आवश्यक सत्यापन प्रक्रिया पूरी कर मरीजों को बिना परेशानी के सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
यदि यह व्यवस्था प्रभावी ढंग से लागू होती है और मोबाइल विहीन मरीजों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाती है, तो इससे अस्पतालों में सुरक्षा, पारदर्शिता और मरीजों की पहचान संबंधी प्रक्रियाएं और अधिक मजबूत हो सकती हैं।








