नरसिंहपुर। 31 दिसंबर 2025
शहर में बंधक बनाए जाने की अफवाहों को लेकर सामने आए मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। गुलाब चौराहा निवासी सतेन्द्र पालीवाल ने पुलिस अधीक्षक नरसिंहपुर को लिखित आवेदन देकर स्पष्ट किया है कि उन्हें न तो किसी ने बंधक बनाया है और न ही उनकी कोई संपत्ति जबरन हड़पी गई है। उन्होंने खुद को पूर्णतः स्वस्थ और सुरक्षित बताया है।
आवेदक ने अपने आवेदन में बताया कि गुलाब चौराहा स्थित पैतृक मकान में उनका और उनके भाई बालमुकुंद पालीवाल का बराबर-बराबर हिस्सा है। विगत एक वर्ष से उनके हिस्से की दुकान व मकान से मिलने वाला किराया भाई-भाभी द्वारा लिया जा रहा है। इसी संपत्ति विवाद के चलते उनके बंधक बनाए जाने जैसी झूठी अफवाहें फैलाई जा रही हैं।
सतेन्द्र पालीवाल ने बताया कि वे पढ़े-लिखे, शिक्षित और पूर्ण रूप से स्वस्थ हैं तथा पिछले एक वर्ष से गायत्री मंदिर नरसिंहपुर में पूजन-पाठ कर जीवन यापन कर रहे हैं। उन्होंने 23 दिसंबर 2025 को अपने हिस्से की संपत्ति का सौदा ऋषिराज पटेल, निवासी मालीवाडा, से अपनी पूर्ण स्वेच्छा और होश-हवास में उप-पंजीयक के समक्ष किया था। इसके बाद सौदा रद्द कराने के उद्देश्य से उनके खिलाफ झूठी खबरें फैलाई जाने लगीं।
आवेदक ने यह भी स्पष्ट किया कि वे कहीं भी बंधक नहीं हैं, पूरी तरह सुरक्षित हैं और उनका मोबाइल नंबर 7898105266 लगातार चालू है। उन्होंने पुलिस से मांग की है कि उनके बारे में फैलाई जा रही झूठी अफवाहों पर रोक लगाई जाए और दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए।

वहीं पुलिस अधीक्षक ने मामले को गंभीरता से लेते हुए थाना कोतवाली पुलिस को पूरे प्रकरण की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।








