नरसिंहपुर / 7 नवंबर 2025
*चिन्हित जघन्य सनसनीखेज प्रकरण में आरोपी को सजा कराने में नरसिंहपुर पुलिस को मिली बड़ी सफलता*
*घटना का विवरण :* थाना कोतवाली, जिला नरसिंहपुर के अंतर्गत दिनांक 03/01/2025 को प्रार्थी जुनैद मंसूरी, पिता जुबेर मंसूरी, उम्र 24 वर्ष, निवासी वर्धमान सिटी, नरसिंहपुर द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
प्रार्थी ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि एक महिला को पैदल चलते समय पीछे से किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा जान से मारने की नियत से लोहे की रॉड से सिर पर वार कर हत्या कर दी गई।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना कोतवाली, नरसिंहपुर में अपराध क्रमांक 009/2025, धारा 109(1) एवं 103(1) भारतीय न्याय संहिता (B.N.S.) के अंतर्गत पंजीबद्ध कर मामला विवेचना में लिया गया।
प्रकरण की गंभीरता एवं जघन्यता को दृष्टिगत रखते हुए इस प्रकरण को “सनसनीखेज मामला” के रूप में चिन्हित किया गया।
प्रकरण के आरोपी को तत्काल गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक अभिरक्षा (जेल) भेजा गया।
विवेचना के दौरान मामले से संबंधित सूक्ष्म से सूक्ष्म साक्ष्य एकत्रित किए गए तथा समस्त परिस्थितिजन्य साक्ष्यों का संकलन कर प्रकरण को सुदृढ़ बनाया गया।
विवेचना उपरांत आरोपी के विरुद्ध चालान क्रमांक 186/25 दिनांक 28.03.2025 तैयार कर माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
*प्रकरण का न्यायालयीन निर्णय :*
थाना कोतवाली, जिला नरसिंहपुर में दर्ज अपराध क्रमांक 009/2025, धारा 109(1) एवं 103(1) भारतीय न्याय संहिता (B.N.S.) के अंतर्गत पंजीबद्ध प्रकरण में विवेचना पूर्ण कर चालान क्रमांक 186/25 दिनांक 28.03.2025 माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था।
माननीय न्यायालय से उक्त प्रकरण को केस नंबर 276/25 दिनांक 29.03.2025 प्राप्त किया गया। प्रकरण की सुनवाई माननीय प्रधान एवं जिला सत्र न्यायाधीश अखिलेश शुक्ला की न्यायालय में की गई।
सभी साक्ष्य, गवाहों के बयान एवं परिस्थितिजन्य तथ्यों के परीक्षण उपरांत, आज दिनांक 07/11/2025 को माननीय न्यायालय द्वारा निर्णय पारित किया गया।
माननीय न्यायालय ने महिला की हत्या करने वाले आरोपी बलकिशन चौधरी उर्फ बल्लू चौधरी, पिता विशाल चौधरी, उम्र 38 वर्ष, निवासी सांकल रोड, मुशरान वार्ड, नरसिंहपुर को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत दोषसिद्ध पाते हुए आजीवन कारावास एवं ₹2000/- (दो हजार रुपये) के अर्थदंड से दंडित किया गया है।
*पुलिस अधिकारियों की भूमिका एवं सतत् मॉनिटरिंग.
उक्त प्रकरण में आरोपी को सजा दिलाने के उद्देश्य से ऋषिकेश मीना, पुलिस अधीक्षक, नरसिंहपुर, के मार्गदर्शन में कार्यवाही की गई।
प्रकरण की निगरानी संदीप भूरिया, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, तथा मनोज गुप्ता, अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) द्वारा की गई। इसके अतिरिक्त थाना प्रभारी निरीक्षक गौरव चाटे के निर्देशन में प्रकरण की विवेचना एवं कार्यवाही संपन्न कराई गई।
प्रकरण की सतत् मॉनिटरिंग प्रकरण के नोडल अधिकारी उपनिरीक्षक कोमल सिंह युवने के माध्यम से की जाती रही, जिन्होंने विवेचना के दौरान सभी आवश्यक साक्ष्यों के संकलन एवं न्यायालय में प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।








