“माँ नर्मदा के जयकारों से गूंजे घाट: पदयात्रियों का सैलाब, चुनरी श्रृंगार और भंडारा प्रसादी”!

नरसिंहपुर! 25 जनवरी 2026
नर्मदा सिर्फ मध्यप्रदेश की जीवनरेखा ही नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति और हिंदुओं की गहरी आस्था का केंद्र भी है। माँ नर्मदा प्रकटोत्सव से पहले ही नर्मदा घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ने लगी है। प्रकटोत्सव की पूर्व संध्या पर जाले के बरमान घाट, चिनकी सहित आसपास के घाटों का नज़ारा अत्यंत भक्तिमय और मनोहारी रहा।

दूर-दूर से पदयात्रा कर पहुँचे श्रद्धालुओं ने घाटों पर माँ नर्मदा का विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया। घाटों पर “नर्मदे हर” के जयघोष गूंजते रहे। श्रद्धालुओं की आस्था का आलम यह रहा कि देर रात तक हजारों की संख्या में भक्त नर्मदा तट पर पहुँचते रहे,और अभी भी बडी संख्या में भक्त घाटों पर पहुंच रहे हैं!

बरमान, चिनकी सहित विभिन्न घाटों पर धार्मिक समितियों द्वारा माँ नर्मदा का चुनरी से भव्य श्रृंगार किया गया। नावों में विराजमान कर माँ नर्मदा को भोग अर्पित किया गया, जिससे घाटों का दृश्य और भी दिव्य हो उठा।

प्रकटोत्सव के अवसर पर अनेक स्थानों पर भंडारा एवं प्रसादी वितरण का आयोजन भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।

प्रशासन और स्थानीय समितियों द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ की गई हैं। माँ नर्मदा प्रकटोत्सव को लेकर पूरे क्षेत्र में आस्था, श्रद्धा और उत्साह का वातावरण बना हुआ है।

polkholnewz
Author: polkholnewz

Leave a Reply

error: Content is protected !!