नरसिंहपुर! 16 जनवरी 2026
प्रभारी मंत्री एवं खाद्य मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि वीबी-जी राम जी योजना ग्रामीण भारत के लिए ऐतिहासिक और दूरदर्शी कदम है, जो रामराज्य की भावना और महात्मा गांधी के विचारों पर आधारित है। यह योजना वर्ष 2047 तक विकसित भारत के राष्ट्रीय संकल्प को साकार करने की मजबूत नींव रखेगी।
उक्त विचार उन्होंने शहर के सावित्री सिग्नेचर होटल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान व्यक्त किए। इस अवसर पर नगरपालिका अध्यक्ष नीरज दुबे (महाराज), तेंदूखेड़ा विधायक विश्वनाथ सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष ज्योति नीलेश काकोरिया, पूर्व मंत्री जालम सिंह पटेल, राम स्नेही पाठक, महेंद्र नागेश जनप्रतिनिधि गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
प्रभारी मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि कांग्रेस सरकारों ने योजनाओं में परिवार के नाम जोड़े, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने सेवा को प्राथमिकता दी है। वीबी-जी राम जी योजना का मूल उद्देश्य हर गरीब को रोजगार देना, उसकी गरिमा का सम्मान करना और गांवों को आत्मनिर्भर बनाना है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत ग्रामीणों को 125 दिन का सम्मानजनक रोजगार मिलेगा। जल, सड़क और आजीविका के माध्यम से गांवों का सर्वांगीण विकास होगा, जिससे पलायन रुकेगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।
खाद्य मंत्री ने कहा कि वीबी-जी राम जी बिल ग्रामीण भारत के लिए एक क्रांतिकारी पहल है। यह कानून रोजगार को अधिकार बनाता है और हर जरूरतमंद को सम्मानपूर्वक आजीविका उपलब्ध कराने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
उन्होंने विश्वास जताया कि यह योजना गांवों को सशक्त बनाकर विकसित भारत 2047 के सपने को साकार करने में अहम भूमिका निभाएगी।








